पीएम किसान मानधन योजना क्या है?

pm kisan mandhan yojana

हमारे देश में नागरिको की सुविधा के लिए अथवा उनके हित में अनेको प्रकार के प्रयास किये जा रहे हैं। उनकी सभी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए कई ऐसे कार्य किये जा रहे हैं जिससे की कम से कम उन लोगों को आजीविका चलाने में किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े जो किसी भी प्रकार से आर्थिक रूप से कमज़ोर हैं या बुज़ुर्ग हैं। इस प्रकार हर तबके हर उम्र हर वर्ग के लिए कई तरह की योजनाएं भी चलाई जाती हैं।

मोदी सरकार द्वारा भी देश में हर वर्ग के लोगों के लिए अनेकों योजनाएं चलाई जा रही है जिससे देश के सभी वर्ग के लोगों को कई तरह के फायदे हुए हैं। इन्ही योजनाओं में से एक है- किसान मानधन योजना। इस योजना में किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए उनके भविष्य को किस प्रकार आर्थिक मजबूती प्रदान की जाये के बारे में विचार किया गया तथा उन्हें आर्थिक रूप से किसी पर आश्रित न रहना पड़े इसके लिए उपाय सुझाये गए।

मोदी सरकार के दूसरी बार सत्ता में आने के बाद कैबिनेट की बैठक में किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना को मंजूरी प्रदान कर दी गयी थी। जिसमें इस योजना के तहत किसानों की साठ वर्ष की उम्र पूरी करने के बाद किसानों को तीन हज़ार रूपए की मासिक पेंशन प्रदान की जाती है यानी पूरे साल में 36000 रूपए सालाना पेंशन दी जाएगी।

इस प्रकार किसान मानधन योजना का लक्ष्य किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करके उनके भविष्य को आर्थिक मज़बूती देना है। यह योजना उन किसानों के लिए निश्चित ही कारगर साबित हो सकती है जो जीवन यापन के लिए मात्र खेती बाड़ी पर ही निर्भर हैं और उनके पास खेती के आलावा जीवन बिताने का कोई दूसरा साधन नहीं है,ऐसे किसानों को अब भविष्य में अर्थात 60 वर्ष के बाद अपनी आजीविका चलने के लिए किसी अन्य पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।

इस योजना के तहत उन्हें  उनके जीवन यापन के लिए मासिक और सालाना पेंशन दी जाएगी। इससे पहले भी सरकार ने किसानों को ध्यान में रखते हुए कई योजनाएं शुरू की हैं जैसे प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना – इस योजना के तहत भी देश के प्रत्येक किसान को हर साल 6000 रूपए की आर्थिक मदद दी जा रही है।

सरकार द्वारा चलाई गयी किसी भी योजना में कई तरह के मापदंड निर्धारित किये जाते हैं।कोई भी व्यक्ति अगर चलाई गयी किसी भी योजना का लाभ लेना चाहता है तो उस व्यक्ति को उस योजना के तहत निर्धारित मापदंडो को पूरा करना होगा तभी वह उस योजना का लाभ लेने के लिए उचित व्यक्ति होगा। इसी प्रकार किसान मानधन योजना के अंतर्गत भी उचित मापदंड तय किये गए हैं। किसान मानधन योजना के अनुसार योजना में प्रवेश की आयु 18 से 40 वर्ष तक की है।इस योजना में किसानों को 55 से 200 रूपए प्रति महीने प्रीमियम के रूप में देना होगा और सरकार द्वारा सम्मान राशि का भुगतान किया जायेगा।

नेशनल पेंशन स्कीम,कर्मचारी राज्य बीमा निगम स्कीम,कर्मचारी भविष्य निधि स्कीम जैसी किसी अन्य सामाजिक सुरक्षा स्कीम के दायरे में शामिल लघु और सीमान्त किसान इस योजना का लाभ लेने के लिए योग्य नहीं होंगे।इसके आलावा वे किसान जिन्होंने श्रम योगी एवं रोजगार मंत्रालय द्वारा चलाई गयी प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना को चुना है।

प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना विवरण

योजना का पूरा नामप्रधानमंत्री किसान पेंशन योजना
प्रकारसेंटर गवर्नमेंट स्कीम
आवेदन शुरुआत तारीख9 अगस्त 2019
आयु18 से 40 वर्ष
पेंशन राशि3000 रूपए मासिक
भुगतान60 वर्ष उम्र होने के बाद
रजिस्ट्रेशन शुक्लपंजीकरण बिलकुल फ्री है
ऑफिसियल वेबसाइटhttps://maandhan.in/

प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना का उद्देश्य

इस योजना का मुख्य उद्देश्य देश के छोटे और गरीब किसानों को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना है। इस योजना का लाभ लेने वाले किसानों को कुछ निर्धारित मापदंडों को ध्यान में रखना होगा तभी वे इस योजना का लाभ ले पाने के लिए उचित होंगे जैसे कि

  • योजना का लाभ लेने वाले किसानों के पास सिर्फ 5 एकड़ यानी 2 हेक्टेयर तक की ही खेती की ज़मीन होनी चाहिए।
  • इस योजना के तहत कम से कम 20 साल और ज़्यादा से ज़्यादा 40 साल तक 55 रूपए से 200 रूपए तक मासिक जमा करना होगा,यह राशि उनकी उम्र पर निर्भर करती है।
  • अगर कोई भी किसान 18 वर्ष की उम्र में इस योजना से जुड़ना चाहता है तो उसे 55 रूपए या सालाना 660 रूपए देना होगा वहीं दूसरी तरफ यदि कोई किसान 40 वर्ष की उम्र में इस योजना से जुड़ना चाहता है तो उसे 200 रूपए महीना या 2400 रूपए सालाना देने होंगे।
  • इसके अलावा  यदि किसान की उम्र 30 साल है तो उसे 105 रूपए का भुगतान या अंशदान करना होगा

इस प्रकार सभी आयु के किसानों के लिए मापदंड तय किये गए हैं। इन सभी किसानों के पेंशन फण्ड को एल आई सी संचालित करती है। इस योजना में सिर्फ किसान ही मासिक या सालाना राशि नहीं जमा करवाएगा बल्कि सरकार भी बराबर की हिस्सेदारी रखेगी।इस योजना के अनुसार यदि कोई किसान 55 रूपए मासिक जमा करवा रहा है तो सरकार भी 55 रूपए मासिक पीएम किसान अकाउंट में करेगी अथवा जो भी राशि किसान देगा उसी के बराबर राशि सरकार भी देगी।

यह योजना हर प्रकार से किसान के हित में है बल्कि अगर किसी किसान को यह योजना बीच में ही छोड़नी भी पड़ी तो वह आसानी से छोड़ सकता है उसे किसी भी तरह का दबाव महसूस नहीं होगा क्यूंकि स्कीम छोड़ने तक जो भी पैसा उसने जमा करवाया है वो नहीं डूबेगा अर्थात उसको उतना पैसा भी ब्याज के साथ वापस मिलेगा।इस राशि पर बैंकों के सेविंग्स अकाउंट जितना ही ब्याज दिया जाता है।इसके आलावा अगर योजना से जुड़े किसी किसान की बीच में ही मृत्यु हो जाये तो उसकी पत्नी को ५० प्रतिशत राशि मिलती रहेगी।

PM Kisan Mandhan Yojana Registration Process

किसान मानधन योजना का लाभ लेने के लिए सबसे पहले कॉमन सर्विस सेंटर पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करवाना होगा जिसके लिए कोई भी चार्ज अथवा फीस नहीं देनी पड़ेगी। रजिस्ट्रेशन के लिए आधार कार्ड, 2 फोटो,पासबुक तथा कुछ अन्य ज़रूरी कागज़ात की कॉपी ले जानी होगी। इस प्रक्रिया के अंतर्गत किसान का पेंशन कार्ड बनवाया जायेगा और किसान को किसान पेंशन यूनिक नंबर दिया जायेगा।इसके बाद किसान इस योजना का लाभ उठा सकता है।

इसी प्रकार और भी कई तरह की योजनाएं चलाई जा रही हैं और भविष्य में भी चलाई जाती रहेंगी जिससे की उचित नागरिक लाभ ले पाएं और आर्थिक एवं सामाजिक दृष्टि से मज़बूत बन पाएं। 

किसान मानधन योजना के पात्र कौन नहीं हो सकते?

  • किसी भी अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं जैसे राष्ट्रीय पेंशन योजना (एनपीएस), कर्मचारी राज्य बीमा निगम योजना, कर्मचारी कोष संगठन योजना आदि के तहत शामिल होना चाहिए ( एसएमएफ)।
  • श्रम और रोजगार मंत्रालय द्वारा प्रधान मंत्री श्रम योगी योग योजना और प्रधानमंत्री वय वंदन योजना के लिए चुने गए किसान।
  • इसके अलावा, उच्च आर्थिक स्थिति के लाभार्थियों की निम्नलिखित श्रेणियां योजना के तहत लाभ के लिए पात्र नहीं होंगी |
    • सभी संस्थागत भूमि धारक
    • संवैधानिक पदों के पूर्व और वर्तमान धारक
    • पूर्व और वर्तमान मंत्रियों / राज्य मंत्रियों और लोकसभा / राज्यसभा / राज्य विधानसभाओं / राज्य विधान परिषदों के पूर्व / वर्तमान सदस्य, नगर निगमों के पूर्व और वर्तमान महापौर, जिला पंचायतों के पूर्व और वर्तमान अध्यक्ष।
    • केंद्रीय / राज्य सरकार के मंत्रालयों / कार्यालयों / विभागों और उनकी फील्ड इकाइयों, केंद्र या राज्य के सार्वजनिक उपक्रमों और संलग्न कार्यालयों / सरकार के साथ-साथ स्थानीय निकायों के नियमित कर्मचारियों (मल्टी टास्किंग स्टाफ / क्लास को छोड़कर) के सभी सेवारत या सेवानिवृत्त अधिकारी और कर्मचारी। IV / ग्रुप डी कर्मचारी)।
    • सभी व्यक्ति जिन्होंने पिछले मूल्यांकन वर्ष में आयकर का भुगतान किया था। (च) पेशेवर जैसे डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, चार्टर्ड अकाउंटेंट, और आर्किटेक्ट पेशेवर निकायों के साथ पंजीकृत थे और अभ्यास करके पेशे को पूरा करते थे।

प्रवेश आयु विशिष्ट मासिक योगदान

प्रवेश आयु (वर्ष) (ए)सुपरनेशन एज (बी)सदस्य का मासिक योगदान (रु।) (सी)केंद्रीय सरकार का मासिक योगदान (रु।) (डी)
कुल मासिक योगदान (रु।) (कुल: C + D)
186055.0055.00110.00
196058.0058.00116.00
206061.0061.00122.00
216064.0064.00128.00
226068.0068.00136.00
236072.0072.00144.00
246076.0076.00152.00
256080.0080.00160.00
266085.0085.00170.00
276090.0090.00180.00
286095.0095.00190.00
2960100.00100.00200.00
3060105.00105.00210.00
3160110.00110.00220.00
3260120.00120.00240.00
3360130.00130.00260.00
3460140.00140.00280.00
3560150.00150.00300.00
3660160.00160.00320.00
3760170.00170.00340.00
3860180.00180.00360.00
3960190.00190.00380.00
4060200.00200.00400.00